सागर। जिले में गुटखा सिंडिकेट और टैक्स चोरी के खिलाफ चल रही मुहिम का असर अब जमीनी स्तर पर साफ दिखाई देने लगा है। लगातार सामने आ रही खबरों के बाद पुलिस और प्रशासन ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए सुरखी थाना क्षेत्र में एक बोलेरो पिकअप वाहन को जब्त किया है। वाहन से करीब 20 लाख रुपये मूल्य का राजश्री गुटखा बरामद किया गया है।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि जब्त गुटखा बिना किसी वैध जीएसटी बिल के परिवहन किया जा रहा था। पुलिस द्वारा फिलहाल पैकेटों की गिनती और दस्तावेजों का मिलान किया जा रहा है। चूंकि मामला कर चोरी से जुड़ा हुआ है, इसलिए आगे की कार्रवाई के लिए इसे स्टेट टैक्स विभाग को सौंपा जा रहा है।

संगठित सिंडिकेट के संकेत
सूत्रों के अनुसार, सागर जिले में गुटखा कारोबार एक संगठित सिंडिकेट के रूप में संचालित हो रहा है। इसमें कंपनी स्तर से लेकर थोक और फुटकर व्यापार तक बिलिंग में हेराफेरी की जा रही है। इस अवैध व्यापार के चलते सरकार को हर महीने लाखों से करोड़ों रुपये तक के राजस्व नुकसान की आशंका जताई जा रही है।

नई टैक्स व्यवस्था और बढ़ी सख्ती
भारत सरकार द्वारा 1 फरवरी 2026 से गुटखा और पान मसाला पर टैक्स व्यवस्था में बदलाव किया गया है। वर्तमान में इस पर कुल 40% जीएसटी लागू है, जिसमें 20% केंद्र और 20% राज्य का हिस्सा होता है।

इसके अलावा उत्पादन इकाइयों पर मशीनों की संख्या के आधार पर सेस और उत्पाद शुल्क भी लागू किया जाता है।
नई व्यवस्था के तहत अब टैक्स की गणना पैकेट पर अंकित खुदरा मूल्य (MRP) के आधार पर की जा रही है। उदाहरण के तौर पर, 10 रुपये के एक गुटखा पैकेट में करीब 3 रुपये तक जीएसटी शामिल होता है।
तीन स्तर पर हो रहा नुकसान
बिना बिल के गुटखा बिक्री से सरकार को तीन प्रमुख स्तरों पर नुकसान हो रहा है—
जीएसटी राजस्व की सीधी हानि
इनपुट टैक्स क्रेडिट में गड़बड़ी
उत्पादन क्षमता छिपाकर सेस की चोरी
बड़ी कार्रवाई की संभावना
पुलिस द्वारा पकड़ी गई यह खेप गुटखा सिंडिकेट के बड़े नेटवर्क की ओर इशारा करती है। यदि मामले की गहन जांच की जाती है, तो इसमें शामिल बड़े कारोबारियों और पूरे नेटवर्क का खुलासा हो सकता है।
फिलहाल प्रशासन की इस कार्रवाई से अवैध कारोबारियों में हड़कंप की स्थिति बनी हुई है और आने वाले दिनों में और बड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।

Post a Comment

और नया पुराने
RNVLive NEWS WEB SERVICES